TRS College Rewa World Population Day Program 2026 : टीआरएस कॉलेज में कार्यक्रम की मुख्य झलक और विशेष उपस्थिति
TRS College Rewa World Population Day Program 2026 : टीआरएस कॉलेज, में संवाद व इंटरएक्टिव सेशन-रीवा, 11 जुलाई 2026-शासकीय ठाकुर रणमत सिंह स्वशासी महाविद्यालय, रीवा के समाजशास्त्र विभाग ने विश्व जनसंख्या दिवस के अवसर पर एक विशेष संवाद एवं इंटरएक्टिव सेशन का सफल आयोजन किया। कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य विद्यार्थियों को जनसंख्या की बढ़ती चुनौतियों, सामाजिक न्याय, लैंगिक समानता और सतत विकास जैसे महत्वपूर्ण मुद्दों पर जागरूक करना था। महाविद्यालय की प्राचार्य डॉ. अर्पिता अवस्थी के निर्देशन में आयोजित इस कार्यक्रम ने शिक्षकों और विद्यार्थियों के बीच एक सार्थक संवाद का मंच प्रदान किया, जहां सैद्धांतिक ज्ञान को व्यवहारिक दृष्टिकोण से समझने का प्रयास किया गया। टी.आर.एस. कॉलेज रीवा के समाजशास्त्र विभाग द्वारा विश्व जनसंख्या दिवस पर संवाद एवं इंटरएक्टिव सेशन का आयोजन। जानें जनसंख्या, सामाजिक न्याय, महिला सशक्तिकरण और शिक्षा पर विशेषज्ञों के विचार।
कार्यक्रम का शुभारंभ और उद्देश्य
Program Inauguration & Objective
कार्यक्रम का संयोजन एवं उद्देश्य वाचन प्रो. अखिलेश शुक्ल, विभागाध्यक्ष, समाजशास्त्र विभाग द्वारा किया गया। अपने प्रारंभिक उद्बोधन में उन्होंने कहा कि विश्व जनसंख्या दिवस केवल जनसंख्या वृद्धि पर चिंतन का अवसर नहीं, बल्कि सामाजिक न्याय, समान अवसर, गुणवत्तापूर्ण शिक्षा, सार्वजनिक स्वास्थ्य, महिला सशक्तिकरण तथा सतत विकास जैसे विषयों पर समाज को संवेदनशील बनाने का एक प्रभावी माध्यम है।
प्रो. शुक्ल ने विद्यार्थियों से आह्वान किया कि वे जनसंख्या संबंधी चुनौतियों को केवल सांख्यिकीय आंकड़ों तक सीमित न रखें, बल्कि उन्हें सामाजिक उत्तरदायित्व से जोड़कर देखें और समाधान में सक्रिय भागीदारी निभाएं ।
विशेषज्ञों के विचार और मार्गदर्शन
Experts’ Views & Guidance
इस अवसर पर विभाग की वरिष्ठ प्राध्यापिकाओं ने विद्यार्थियों को विभिन्न सामाजिक मुद्दों पर गहन मार्गदर्शन दिया। डॉ. मधुलिका श्रीवास्तव, डॉ. शाहेदा सिद्दीकी, प्रो. शालिनी पाण्डेय, डॉ. आभा द्विवेदी, डॉ. निशा सिंह एवं डॉ. प्रियंका पाण्डेय ने जनसंख्या, सामाजिक परिवर्तन, लैंगिक समानता, शिक्षा, स्वास्थ्य तथा सामाजिक न्याय से जुड़े विभिन्न पहलुओं पर अपने विचार रखे। सभी शिक्षिकाओं ने विद्यार्थियों को जिम्मेदार नागरिक बनने तथा समाज के समावेशी विकास में सक्रिय भूमिका निभाने के लिए प्रेरित किया। उन्होंने वर्तमान जनसंख्या नीति, संसाधन प्रबंधन और महिला सशक्तिकरण को आपस में जोड़कर एक व्यापक परिप्रेक्ष्य प्रस्तुत किया।
विद्यार्थियों के साथ इंटरएक्टिव सत्र
Interactive Session with Students
इंटरएक्टिव सेशन का माहौल अत्यंत जीवंत और ज्ञानवर्धक रहा। विद्यार्थियों ने जनसंख्या, संसाधनों की उपलब्धता, सामाजिक असमानता, जनसंख्या नीति, शहरीकरण और ग्रामीण विकास से संबंधित अनेक प्रश्न पूछे। विशेषज्ञ प्राध्यापकों ने विद्यार्थियों की जिज्ञासाओं का विस्तारपूर्वक, तार्किक एवं संतोषजनक उत्तर देकर उनके दृष्टिकोण को व्यापक बनाया। इस सत्र ने विद्यार्थियों को केवल जानकारी ही नहीं दी, बल्कि उन्हें सामाजिक मुद्दों पर गंभीरता से विचार करने, स्वतंत्र रूप से प्रश्न उठाने और समाधान खोजने के लिए प्रोत्साहित किया।
कार्यक्रम की मुख्य झलकियां और विशेष उपस्थिति
Key Highlights & Special Presence
कार्यक्रम का संचालन डॉ. प्रियंका पाण्डेय ने सफलतापूर्वक किया। कार्यक्रम के अंत में डॉ. मधुलिका श्रीवास्तव ने सभी अतिथियों, प्राध्यापकों, शोधार्थियों एवं विद्यार्थियों का आभार व्यक्त करते हुए कार्यक्रम को सफल बनाने में सहयोग देने वाले सभी प्रतिभागियों का धन्यवाद ज्ञापित किया। इस अवसर पर प्रो. ओमप्रकाश शुक्ला, शोध छात्रा पूजा तिवारी, श्री योगेश निगम एवं श्री रत्नेश मिश्रा की विशेष उपस्थिति रही, जिन्होंने कार्यक्रम को गरिमामयी बनाने में योगदान दिया।

ये था कार्यक्रम का उद्देश्य
Objective of the Program
इस कार्यक्रम का प्रमुख उद्देश्य विद्यार्थियों में जनसंख्या से जुड़े समसामयिक मुद्दों के प्रति जागरूकता बढ़ाना, सामाजिक न्याय की अवधारणा को व्यवहारिक जीवन से जोड़ना तथा उनमें सामाजिक उत्तरदायित्व, संवेदनशीलता और सकारात्मक सामाजिक परिवर्तन की भावना का विकास करना था।
निष्कर्ष-Conclusion-रीवा के टी.आर.एस. कॉलेज का यह आयोजन विश्व जनसंख्या दिवस को केवल औपचारिकता तक सीमित न रखकर, इसे एक गहन सामाजिक चेतना के रूप में स्थापित करने का सार्थक प्रयास था। समाजशास्त्र विभाग द्वारा किया गया यह संवाद सत्र विद्यार्थियों के लिए अत्यंत प्रेरणादायक, ज्ञानवर्धक और भागीदारीपूर्ण रहा। इस प्रकार के कार्यक्रम न केवल शैक्षणिक ज्ञान को बढ़ावा देते हैं, बल्कि एक जागरूक, उत्तरदायी और सशक्त समाज की नींव भी रखते हैं। यह जानकारी डॉ. अखिलेश शुक्ल, विभागाध्यक्ष, समाजशास्त्र विभाग, शासकीय ठाकुर रणमत सिंह स्वशासी महाविद्यालय, रीवा (म.प्र.) द्वारा प्रदान की गई।