Jantar Mantar Protest for Dharmendra Pradhan resignation : धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे के बाद कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) ने अपने आंदोलन को समाप्त करने की घोषणा की।
Jantar Mantar Protest for Dharmendra Pradhan resignation : धर्मेंद्र प्रधान का इस्तीफा, क्या अब देवेंद्र फडणवीस बनेंगे देश के शिक्षा मंत्री ? संजय राउत का बड़ा दावा-केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे के बाद राजनीतिक हलचल तेज हो गई है। संजय राउत ने दावा किया है कि महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस देश के अगले शिक्षा मंत्री बन सकते हैं। जानें पूरी खबर। केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के आज (25 जुलाई 2026) अचानक इस्तीफा देने के बाद देश की राजनीति में हलचल मच गई है। नीट-यूजी 2026 पेपर लीक मामले को लेकर पिछले कई हफ्तों से जारी छात्र आंदोलनों के दबाव में यह फैसला लिया गया। इसी बीच महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस के अचानक दिल्ली रवाना होने से राजनीतिक अटकलें और तेज हो गई हैं। शिवसेना (यूबीटी) के राज्यसभा सांसद संजय राउत ने बड़ा दावा करते हुए कहा है कि देवेंद्र फडणवीस को केंद्र सरकार में नया शिक्षा मंत्री बनाया जा सकता है। हालांकि, इस संबंध में केंद्र सरकार या भाजपा की ओर से कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं की गई है।
धर्मेंद्र प्रधान का इस्तीफा, क्यों उठाना पड़ा यह कदम ?
Dharmendra Pradhan’s Resignation-Why Was This Step Necessary
केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने अपने इस्तीफे की घोषणा सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म “एक्स” पर एक पत्र के माध्यम से की। अपने पत्र में उन्होंने लिखा कि यह उनके लिए “व्यक्तिगत प्रतिष्ठा” का विषय नहीं है। उन्होंने कहा कि पिछले 10 दिनों की घटनाओं ने उन्हें गहरा आहत किया है और वे नहीं चाहते कि कोई भी राष्ट्रविरोधी ताकत इस स्थिति का फायदा उठाए। गौरतलब है कि 3 मई 2026 को आयोजित नीट-यूजी परीक्षा में अनियमितताएं सामने आने के बाद सरकार ने तत्काल संज्ञान लिया, सीबीआई को जांच सौंपी, परीक्षा रद्द की और पुन: परीक्षा की तारीख घोषित की। इसके बावजूद छात्रों का आंदोलन लगातार बढ़ता रहा। तब कहीं जाकर कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) का प्रदर्शन CJP ने 20 जून से दिल्ली के जंतर-मंतर पर धरना दिया हुआ था। उनकी प्रमुख मांगों में शिक्षा मंत्री का इस्तीफा, प्रदर्शनकारियों के खिलाफ एफआईआर वापसी और परीक्षा सुधार शामिल थे। आंदोलन धीरे-धीरे देश के सबसे बड़े छात्र आंदोलनों में से एक बन गया।
संजय राउत का बड़ा दावा-क्यों फडणवीस को मान रहे संभावित उत्तराधिकारी ?
Sanjay Raut’s Big Claim-Why Fadnavis is Seen as a Potential Successor ?
शिक्षा मंत्री के इस्तीफे के बाद संजय राउत ने मीडिया से बातचीत में कहा, “मुझे लगता है कि देवेंद्र फडणवीस धर्मेंद्र प्रधान की जगह ले सकते हैं”। राउत ने फडणवीस की योग्यताओं का हवाला देते हुए कहा कि वह उच्च शिक्षित हैं, पेशे से वकील हैं और विभिन्न विषयों पर गहन अध्ययन के साथ अपनी बात रखते हैं। उन्होंने यह भी कहा कि फडणवीस को केंद्रीय मंत्रिमंडल में ले जाने की चर्चा पहले से होती रही है।
हालांकि, राउत ने विपक्षी नेता होने के नाते केंद्र सरकार पर निशाना भी साधा। उन्होंने कहा कि “धर्मेंद्र प्रधान का इस्तीफा इस बात का संकेत है कि मोदी और शाह अजेय नहीं हैं”। उन्होंने दावा किया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी छात्र आंदोलनों के दबाव में आ गए और इसलिए उन्होंने धर्मेंद्र प्रधान से इस्तीफा लिया।

फडणवीस का दिल्ली दौरा-संयोग या संकेत ?
Fadnavis’s Delhi Visit-Coincidence or Indication ?
धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे के तुरंत बाद मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस का दिल्ली रवाना होना कई राजनीतिक सवाल खड़े कर रहा है।
सूत्रों के अनुसार, शनिवार दोपहर करीब 12 बजे फडणवीस को दिल्ली से फोन आया, जिसके बाद वह सोलापुर से दिल्ली के लिए रवाना हुए। बताया जा रहा है कि वह केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह से महत्वपूर्ण बैठक करेंगे। दिलचस्प बात यह है कि एक दिन पहले जब पंढरपुर में मीडियाकर्मियों ने फडणवीस की पत्नी अमृता फडणवीस से पूछा कि क्या उनके पति को केंद्र में बड़ी भूमिका मिल सकती है, तो उन्होंने कहा था, “नहीं, हम महाराष्ट्र में ही रहना चाहते हैं। मैं देवेंद्र को महाराष्ट्र में ही रखूंगी”। हालांकि, फडणवीस ने सोशल मीडिया पर धर्मेंद्र प्रधान के कार्यों की सराहना करते हुए कहा कि “प्रधान ने देश के शिक्षा क्षेत्र में कई महत्वपूर्ण सुधार किए हैं”। उन्होंने यह भी कहा कि “राष्ट्रहित को व्यक्तिगत स्वार्थ से ऊपर रखना एक सच्चे भाजपा कार्यकर्ता की पहचान है”।
“दिल्ली में बैठे हैं राजनीतिक बॉस” राउत का महायुति सरकार पर तीखा हमला
“Political Bosses Sit in Delhi” Raut’s Sharp Attack on Mahayuti Government
संजय राउत ने महाराष्ट्र की भाजपा नीत महायुति गठबंधन सरकार पर भी तीखा प्रहार किया। उन्होंने कहा कि महाराष्ट्र के कुछ बड़े नेताओं के राजनीतिक फैसले दिल्ली से तय होते हैं। राउत ने कहा, “देवेंद्र फडणवीस, एकनाथ शिंदे और सुनेत्रा पवार के सियासी बॉस दिल्ली में बैठे हैं, इसलिए उन्हें वहां जाना पड़ता है, जहां उन्हें राजनीतिक निर्देश मिलते हैं और वह उसका पालन करते हैं”। उन्होंने यह भी कहा कि 12 वर्षों में यह पहला अवसर है जब मोदी सरकार में किसी वरिष्ठ मंत्री को सार्वजनिक दबाव में इस्तीफा देना पड़ा है।
CJP ने आंदोलन किया समाप्त, केंद्र ने मानी मांगें
CJP Ends Protest After Centre Accepts Demands
धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे के बाद कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) ने अपने आंदोलन को समाप्त करने की घोषणा की। केंद्र सरकार ने CJP की प्रमुख मांगों को स्वीकार कर लिया, जिनमें शिक्षा मंत्री का इस्तीफा, प्रदर्शनकारियों के खिलाफ एफआईआर वापसी और नीट रद्दीकरण के बाद आत्महत्या करने वाले छात्रों के परिवारों को मुआवजा शामिल था। CJP के प्रवक्ता सौरव दास ने कहा, “चूंकि सरकार ने हमारी सभी मांगें स्वीकार कर ली हैं, इसलिए हम तुरंत प्रभाव से अपना आंदोलन समाप्त कर रहे हैं”। जंतर-मंतर पर प्रदर्शन स्थल पर जश्न का माहौल था, प्रदर्शनकारियों ने मिठाइयां बांटीं और तिरंगा लहराया।